नवादा के रजौली चेकपोस्ट पर उत्पाद विभाग ने एक बोलेरो से 137.5 लीटर विदेशी शराब और बीयर बरामद की। वाहन के अंदर ऐसे गुप्त खांचे बनाए गए थे कि पहली नजर में किसी को शक तक नहीं हो सकता था।
नवादा: बिहार में शराबबंदी के बावजूद शराब तस्कर नए-नए तरीके अपनाकर अवैध कारोबार को अंजाम देने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसा ही एक मामला नवादा जिले के रजौली थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहां उत्पाद विभाग की टीम ने एक बोलेरो वाहन से भारी मात्रा में विदेशी शराब और बीयर जब्त की है। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि पूरी खेप वाहन के भीतर विशेष रूप से तैयार किए गए गुप्त चैंबरों में छिपाकर रखी गई थी।
गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई
उत्पाद विभाग को सूचना मिली थी कि झारखंड की ओर से एक संदिग्ध वाहन शराब लेकर बिहार में प्रवेश करने वाला है। सूचना के आधार पर चितरकोली समेकित जांच चौकी पर वाहनों की जांच शुरू की गई। इसी दौरान एक बोलेरो को रोककर उसकी बारीकी से तलाशी ली गई।
सीटों और डैशबोर्ड के भीतर छिपाई गई थी शराब
तलाशी के दौरान अधिकारियों को वाहन के अंदर कई ऐसे गुप्त खांचे मिले, जिन्हें सामान्य तौर पर पहचान पाना आसान नहीं था। ड्राइवर और सह-चालक की सीटों के नीचे, बीच और पिछली सीटों के अंदर तथा डैशबोर्ड में विशेष रूप से बनाए गए चैंबरों से विदेशी शराब और बीयर बरामद हुई। तस्करों की इस तकनीक को देखकर जांच टीम भी हैरान रह गई।
137.5 लीटर शराब जब्त
कार्रवाई के दौरान कुल 137.5 लीटर शराब और बीयर बरामद की गई। जब्त खेप में रॉयल स्टैग की 750 मिलीलीटर की 84 बोतलें, 375 मिलीलीटर की 72 बोतलें तथा किंगफिशर बीयर के 95 कैन शामिल हैं। अधिकारियों के अनुसार बिहार में इसकी अवैध बाजार कीमत करीब 5 लाख रुपये आंकी गई है, जबकि तस्करी में इस्तेमाल की जा रही बोलेरो की कीमत लगभग 10 लाख रुपये बताई जा रही है।
चालक गिरफ्तार, पूछताछ में हुआ खुलासा
मौके से वाहन चालक को गिरफ्तार कर लिया गया। उसकी पहचान झारखंड के कोडरमा जिले के तिलैया निवासी प्रवीण कुमार के रूप में हुई है। प्रारंभिक पूछताछ में उसने बताया कि यह खेप सतगावां निवासी बब्लू नामक व्यक्ति ने उसे सौंपी थी। शराब की यह खेप नवादा शहर और अकबरपुर क्षेत्र में पहुंचाई जानी थी।
मुख्य तस्करों की तलाश जारी
उत्पाद विभाग ने इस मामले में बिहार उत्पाद अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है।
सीमावर्ती इलाकों में बढ़ाई गई निगरानी
अधिकारियों का कहना है कि झारखंड से सटे सीमावर्ती क्षेत्रों में शराब तस्करी रोकने के लिए लगातार सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अवैध शराब कारोबार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और ऐसे नेटवर्क के खिलाफ आगे भी कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
रिपोर्ट: सुबी सिंह

